विषम संख्या किसे कहते हैं परिभाषा, गुण व सूत्र – Visham Sankhya

दोस्तों आज का हमारा पोस्ट विषम संख्याएं एवं इसके महत्वपूर्ण प्रश्नों से संबंधित होने वाला है। इस पोस्ट के माध्यम से हमने Visham Sankhya के सभी तथ्य जैसे कि- विषम संख्या क्या होती है?, Odd Number किसे कहते हैं?, Visham Sankhya की परिभाषा क्या है?

विषम संख्याएं की पहचान कैसे करें?, विषम संख्याओं का गुण, 1 से 100 तक की विषम संख्याएं, विषम संख्या का औसत, विषम संख्याओं के वर्गों का औसत, विषम संख्याओं के योग का सूत्र, विषम संख्या के वर्गों का योग, Visham Sankhya के घनों का योग, विषम संख्याओं के उदाहरण तथा विषम संख्याओं से संबंधित कुछ प्रश्न इत्यादि के बारे में विस्तृत जानकारी दी है।

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उदाहरण सहित इन सब चीजों के बारे में आपको इस पोस्ट में बताया गया है। तो इसको अच्छी तरह समझने के लिए तथा इस टॉपिक के ऊपर अपनी अच्छी पकड़ बनाने के लिए आप सभी पोस्ट को अंत तक जरूर पढ़ें। जिससे कि आपको Visham Sankhya से संबंधित प्रश्नों को हल करने में कोई परेशानी न हो तथा आप आसानी से इनके प्रश्नों को हल कर पाएं।
तो आइए जानते हैं :-

Table of Contents

विषम संख्या किसे कहते हैं? – Odd Number Kya Hota Hai?

वैसे सभी पूर्णांक संख्याएं, जिसमें ‘2’ से पूरा-पूरा भाग न लग सके अर्थात् ‘2’ से भाग लगाएं जाने पर हमेशा “1” शेषफल के रूप में प्राप्त हो जाए, तो ऐसी संख्या “विषम संख्या” कहलाती है।
जैसे- 1,3,5,7,9,11,15,21,51,101 आदि। ये सभी संख्याओं को 2 से भाग लगाएं जाने पर शेषफल के रूप मेें ‘1’ प्राप्त हुआ है, इसलिए यह विषम संख्याएं (Odd number) हैं।

वे संख्याएं जिसे दो बराबर पूर्ण संख्याओं के रूप में बांटा न जा सके या जिन्हें दो पूर्ण युग्मों में बांटा नहीं जा सकता है, ऐसी संख्या को Visham Sankhya कहते हैं।

विषम संख्या की परिभाषा क्या है? – Visham Sankhya Ki Paribhasha

वे सभी संख्याएं जो ‘2’ का गुणज नहीं होती है अर्थात वैसी सभी संख्याएं जिसे 2 से विभाजित करने पर शेषफल शून्य प्राप्त न हो, कोई अन्य संख्या प्राप्त हो जाए, तो ऐसी संख्या को हमलोग Visham Sankhya कहते हैं।
जैसे- 11,13,17,25,37,45,53,65 इत्यादि।

विषम संख्या की पहचान कैसे करें?

विषम संख्या की पहचान करने के लिए हमलोग दो तरीकों का उपयोग करके पता कर सकते हैं। जिसमें पहला तरीका है :-

1. संख्या का अंतिम या इकाई अंक देखकर

जब हमें Visham Sankhya की पहचान करने के लिए कहा जाए तो सबसे पहले हम उस संख्या के अंतिम अंक पर या इकाई अंक पर ध्यान देंगे। यदि उस संख्या के अंतिम या इकाई अंक पर 1, 3, 5, 7, 9 में से कोई भी एक अंक है, तो वह एक Visham Sankhya अर्थात Odd Number होगी।

जैसे- 1245 एक विषम संख्या ( Odd number ) है, क्योंकि इस संख्या का इकाई अंक ‘5’ है।

2376 यह एक Visham Sankhya नहीं है, क्योंकि इसका अंतिम 6 है और पिछली पोस्ट में हमने पढ़ा कि जिस संख्या का अंतिम अंक 0,2,4,6,8 हो, तो वह एक सम संख्या होगी।

2. दी गई संख्या को ‘2’ से भाग लगाकर

विषम संख्या की पहचान करने के लिए दूसरा तरीका है यदि दी गई संख्या को 2 से भाग लगाएं जाने पर उसका शेषफल ‘1’ प्राप्त होता है, तो इसका मतलब है कि वह एक ‘विषम संख्या’ है।

जैसे- 2353, यह एक Visham Sankhya है क्योंकि इसे 2 से विभाजित करने पर इसका शेषफल ‘1’ प्राप्त हुआ हैं।

1952, यह एक विषम संख्या नहीं है क्योंकि इसे 2 से विभाजित करने पर इसका शेषफल शून्य प्राप्त हुआ है।

विषम संख्याओं का गुण – Properties of Odd Number In Hindi

विषम संख्याओं के कुछ गुण होते हैं इन गुणों को जानना आवश्यक है। इसकी सहायता से हम यह जान पाते है कि Visham Sankhya दूसरे संख्याओं के साथ कैसा बर्ताव करती हैं। तो आइए जानते हैं-

विषम संख्याओं के योग का गुण

किसी दो विषम संख्याओं का योग करने पर योगफल हमेशा एक सम संख्या ही प्राप्त होता है। यानी उसका योगफल 2 से पूर्णतः विभाजित होगा।

जैसे- 5 + 7 = 12, यहां 5 एवं 7 दो Visham Sankhya हैं और इनका योगफल ’12’ एक सम संख्या है। जो कि 2 से पूर्णतः विभाजित है।

9 + 5 = 14, यहां भी 9 एवं 5 विषम संख्याएं हैं और इनका योगफल ’14’ एक सम संख्या है।

विषम संख्याओं के अंतर (घटाव) का गुण

किसी दो विषम संख्याओं का अंतर करने पर हमेशा एक सम संख्या ही प्राप्त होता है। और उसका अंतर 2 से पूर्णतः विभाजित होता है।

जैसे- 5 – 1 = 4, यहां 5 एवं 1 दो Visham Sankhya हैं और इनका अंतर ‘4’ एक सम संख्या है, जो की 2 से पूर्णतः विभाजित है।

9 – 3 = 6, यहां भी 9 एवं 3 दो विषम संख्याएं हैं और इनका अंतर ‘6’ एक सम संख्या है।

विषम संख्याओं के गुणन (मल्टीप्लाई) का गुण

किसी भी दो विषम संख्याओं को गुणा करने पर गुणनफल एक विषम संख्या ( odd number ) ही प्राप्त होगी। यानी उसका गुणनफल 2 से पूर्णता विभाजित नहीं होगा।

जैसे- 11 × 9 = 99, यहां 11 एवं 9 विषम संख्याएं हैं और इनका गुणनफल ’99’ एक विषम संख्या है, जिसे 2 से विभाजित नहीं किया जा सकता है।

7 × 3 = 21, यहां भी 7 एवं 3 दो विषम संख्याएं हैं और इनका गुणनफल ’21’ एक विषम संख्या है।

1 से 100 तक की विषम संख्या – Visham Sankhya 1 To 100

यह 1 से 100 तक की विषम संख्याओं का चार्ट है, इस चार्ट की सहायता से हम यह जान पाते हैं कि 1 से 100 तक की विषम संख्याओं में कुल 50 विषम संख्याएं होती हैं।

151
353
555
757
959
1161
1363
1565
1767
1969
2171
2373
2575
2777
2979
3181
3383
3585
3787
3989
4191
4393
4595
4797
4999
Odd Number Table 1 To 100

विषम संख्या का औसत निकालने का फार्मूला

विषम संख्या के योग का औसत निकालने के लिए आप निम्न फार्मूला का इस्तेमाल करके कर सकते हैं।

1). प्रथम n विषम संख्या का औसत = n

2). लगातार n तक की विषम संख्याओं का औसत = (n+1) / 2

3). लगातार n विषम संख्याओं के वर्गों का औसत = (4n³- n / 3n)

लगातार विषम संख्या के योग का फार्मूला

विषम संख्याओं का योग निकालने के लिए कुछ महत्वपूर्ण फार्मूले हैं, जिनका
उपयोग करके आप Visham Sankhya का योग ज्ञात कर सकते हैं।

1). प्रथम n विषम संख्याओं का योग = n²

2). लगातार n तक की विषम‌ संख्याओं का योग = n/2 [2a + (n-1) d]

विषम संख्या के वर्गों का योग का फार्मूला

विषम संख्या के वर्गों का योग निकालने के लिए एक महत्वपूर्ण फार्मूला होता है। जिसको जाना आवश्यक है, आप इस फार्मूला का उपयोग करके विषम संख्याओं के वर्गों का योग आसानी से निकाल सकते हैं।

प्रथम n विषम संख्याओं के वर्गों का योग = (4n³- n / 3)

विषम संख्या के घनों का योग का फार्मूला

विषम संख्याओं के घनों का योग निकालने के लिए आप निम्न फार्मूला का इस्तेमाल करके कर सकते हैं।

प्रथम n विषम संख्याओं के घनों का योग = (2n⁴ – n²)

विषम संख्याओं के उदाहरण

उदाहरण.1. प्रथम 6 विषम संख्याओं का औसत ज्ञात करें।

हल:- सूत्र से, A = n
जहां n = दी गई संख्या

         A =  6 ans.

उदाहरण.2. 1,3,5,7,………..13 तक की लगातार विषम संख्याओं का औसत निकालें ।

हल:- सूत्र से, A = (n + 1) / 2
जहां n = 13

       A = (13 + 1) / 2
          =  14 / 2  = 7 ans. 

उदाहरण.3. 1² + 3² + 5² +…….+ 9² तक की विषम संख्याओं के वर्गों के योग औसत ज्ञात करें।

हल:- सूत्र से, A = (4n³ – n / 3n)
जहां n = 5

  A =  4 × 5³ - 5 / 3 × 5
     =  4 × 125 - 5 / 15
     =  500 - 5 / 15
     =  495 / 15
     =  33 ans.

उदाहरण.4. प्रथम 5 विषम संख्याओं का योग ज्ञात करें।

हल:- सूत्र से, S = n²
जहां n = 5

       S = (5)²  = 25 ans.

उदाहरण.5. 1 + 3 + 5 + 7..……+19 तक की लगातार विषम संख्याओं का योग निकालें।

हल:- सूत्र से,S = n/2 [2a + (n-1) d]
जहां n = 10
a = 1 (पहला पद)
d = 3-1 = 2 (पदों का अंतर)

S = 10/2 [2 × 1 + (10 – 1) 2]
= 5 [2 + 9 × 2]
= 5 × [2 + 18]
= 5 × 20
= 100 ans.

उदाहरण.6. 1² + 3² + 5² +…….+ 9² तक की विषम संख्याओं के वर्गों का योग निकालें।

हल:- सूत्र से, S = (4n³ – n / 3)
जहां n = 5

  A =  4 × 5³ - 5 / 3
     =  4 × 125 - 5 / 3
     =  500 - 5 / 3
     =  495 / 3
     =  165 ans.

उदाहरण.7. 1³ + 3³ + 5³ +…….+ 9³ तक की विषम संख्याओं के घनों का योग ज्ञात करें।

हल:- सूत्र से, S = (2n⁴ – n²)
जहां n = 5

   S = (2 × 5⁴ - 5²)
      =  2 × 625 - 25
      =  2 × 600
      =  1200 ans. 

उदाहरण.8. दो लगातार विषम संख्याओं का योग 164 है, तो बड़ी विषम संख्या ज्ञात करें।

हल:- माना कि पहली विषम संख्या = x
दूसरी विषम संख्या = x + 2

   →  x + x + 2 = 164
   →  2x + 2 = 164
   →  2x = 164 - 2 
   →  2x = 162
   →   x  = 162 / 2 
   →   x  =  81 

इसलिए बड़ी विषम संख्या= x + 2
= 81 + 2
= 84 ans.

उदाहरण.9. दो क्रमागत विषम संख्याओं का औसत 28 है, तो उन संख्याओं को निकालें।

हल:- माना कि पहली संख्या = x
दूसरी संख्या = x + 2

    →  x + x + 2 / 2  = 28
    →  2x + 2 / 2  = 28
    →  2x + 2 = 28 × 2
    →  2x + 2 = 56
    →  2x = 56 - 2
    →  2x = 54
    →   x  = 54 / 2 = 27 

इसलिए पहली संख्या = x = 27 ans. दूसरी संख्या= x+2= 27+2=29 ans.

उदाहरण.10. तीन क्रमागत विषम संख्याओं का योग 87 है तो सबसे छोटी एवं सबसे बड़ी Visham Sankhya ज्ञात करें।

हल:- माना कि पहली संख्या = x
दूसरी संख्या = x + 2
तीसरी संख्या = x + 4

→ x + x + 2 + x + 4 = 87
→ 3x + 6 = 87
→ 3x = 87 – 6
→ 3x = 81
→ x = 81 / 3 = 27

इसलिए सबसे छोटी Visham Sankhya =
x = 27 ans.
सबसे बड़ी विषम संख्या = x + 4
= 27 + 4
= 31 ans.

निष्कर्ष (Conclusion) :- दोस्तों तो जैसा कि हमने विषम संख्या ( Odd number ) तथा Visham Sankhya से संबंधित महत्वपूर्ण तथ्यों एवं प्रश्नों को उदाहरण सहित इस पोस्ट में आप सभी को समझाने का प्रयास किया है।

आशा करता हूं कि इस पोस्ट की जानकारी आपको हेल्पफुल लगी होगी और इसे समझने में कोई दिक्कत नहीं आई होगी। अगर कोई ऐसी चीज जो आपकी समझ में नहीं आयी हो। तो आप कमेंट बॉक्स में कमेंट कर सकते हैं। हम उन्हें समझाने का पूरा प्रयत्न करेंगे। धन्यवाद !

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FAQ About Odd Number In Hindi

Q.1. ऑड नंबर ( Odd Number ) कौन से होते हैं ?

उत्तर: 1,3,5,7,9,11,13,15,17,19, ……….,95,97,99 इत्यादि ये सभी ऑड नंबर है क्योंकि यह ‘2’ से पूर्णतः विभाजित नहीं होते हैं।

Q.2. क्या जीरो (0) एक विषम संख्या है?

उत्तर:- नहीं, ‘0’ एक विषम नंबर नहीं होता है क्योंकि हमें पता है कि वैसे संख्या जो 2 से विभाजित नहीं होती है Visham Sankhya कहलाती है और जीरो एक ऐसी संख्या है, जो 2 से पूर्णतः विभाजित हो जाती है। इसलिए यह एक इवन नंबर है न कि ऑड नंबर।

Q.3. सबसे छोटी विषम संख्या बताएं।

उत्तर:- सबसे छोटी विषम संख्या ‘1’ होती है, क्योंकि विषम संख्याएं 1 से ही प्रारंभ होती है।

Q.4. क्या सभी अभाज्य संख्याएं विषम संख्या हैं ?

उत्तर:- नहीं, सभी अभाज्य संख्याएं विषम संख्या नहीं होती है। अभाज्य संख्या उसे कहते हैं जो 1 या खुद से विभाज्य हो। जैसे :- ‘2’ एक अभाज्य संख्या है क्योंकि 2 केवल 1 से यह खुद से विभाज्य होती है, लेकिन यह एक Odd number नहीं है बल्कि सम संख्या है।

Q.5. विषम संख्या को इंग्लिश में क्या कहते हैं ?

उत्तर:- विषम संख्या को इंग्लिश में ‘Odd Number‘ (ऑड नंबर) कहा जाता हैं।

Q.6. विषम संख्याएं कितनी होती है ?

उत्तर:- विषम संख्या कितनी होती हैं, यह ज्ञात कर पाना संभव ही नहीं है क्योंकि हमारी गिनती की संख्याएं अनंत है और जितनी गिनती की संख्या बढ़ेगी। वैसे-वैसे हमें नए-नए Odd number प्राप्त होते रहेंगे। इसलिए यह कोई नहीं बता सकता की विषम संख्याएं कितनी होती है।

Q.7. क्या ‘1’ विषम संख्या है ?

उत्तर:- जी हां ‘1’ Visham Sankhya है, क्योंकि हम सब जानते हैं कि जो संख्याएं 2 से पूर्णतः विभाजित नहीं होती है, विषम संख्या कहलाती हैं। और 1 को 2 से पूर्णतः विभाजित नहीं किया जा सकता है इस कारण ‘1’ विषम संख्या है।

मेरा नाम Sandeep Karwasra है और में topkro.com ब्लॉग का ऑनर हूँ। अपने ब्लॉग के माध्यम से आप तक अच्छी जानकारी पहुंचाना मुझे काफी अच्छा लगता है।

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